प्रयागराज। प्रतिभा कभी संसाधनों की मोहताज नहीं होती, इस बात को एक बार फिर सच कर दिखाया है प्रयागराज के एक होनहार युवा ने। प्रयागराज जिले के सैदाबाद, ढोकरी निवासी युवा पहलवान सत्यम यादव ने अपनी कड़ी मेहनत, अटूट लगन और शानदार दांव-पेच के दम पर खेल जगत में एक नया इतिहास रच दिया है। मध्य प्रदेश के नर्मदापुरम में आयोजित 37वीं अखिल भारतीय शिक्षा संस्थान कुश्ती प्रतियोगिता में सत्यम ने 65 किलोग्राम फ्रीस्टाइल (बालक वर्ग) में अपने प्रतिद्वंद्वियों को पटखनी देते हुए स्वर्ण पदक (Gold Medal) अपने नाम किया है। सत्यम की इस स्वर्णिम सफलता से न सिर्फ उनके परिवार में खुशी का माहौल है, बल्कि पूरे प्रयागराज और सैदाबाद क्षेत्र का मान राष्ट्रीय पटल पर बढ़ा है।
किसान परिवार के संघर्ष से सफलता का सफर
स्वर्ण पदक विजेता सत्यम यादव एक साधारण किसान परिवार से ताल्लुक रखते हैं। सीमित संसाधनों और ग्रामीण परिवेश के बावजूद सत्यम ने कभी अपने सपनों से समझौता नहीं किया। उनके पिता और परिवार ने हर कदम पर सत्यम के इस खेल के प्रति जूनून का समर्थन किया। सत्यम वर्तमान में बाल विद्या भारती, तेलियरगंज (प्रयागराज) के छात्र हैं।
अपनी इस ऐतिहासिक सफलता का श्रेय सत्यम ने अपने माता-पिता के आशीर्वाद और अपने कोच को दिया है। सत्यम पिछले काफी समय से मदन मोहन मालवीय स्टेडियम में प्रशिक्षक अंकित तिवारी के कुशल मार्गदर्शन में कुश्ती के कड़े गुर सीख रहे हैं। खेल विशेषज्ञों का मानना है कि सत्यम की फुर्ती और मैट पर उनकी तकनीक आने वाले समय में उन्हें देश के शीर्ष पहलवानों की कतार में खड़ा करेगी।
अब दिल्ली में देश का नाम रोशन करने की तैयारी
अखिल भारतीय स्तर पर स्वर्ण पदक जीतने के साथ ही सत्यम यादव ने एक और बड़ी उपलब्धि हासिल की है। उन्होंने आगामी SGFI (स्कूल गेम्स फेडरेशन ऑफ इंडिया) प्रतियोगिता के लिए भी सीधे क्वालीफाई कर लिया है। अब सत्यम यादव की नजरें दिल्ली में आयोजित होने वाली इस प्रतिष्ठित राष्ट्रीय प्रतियोगिता पर टिकी हुई हैं, जहां वे उत्तर प्रदेश और प्रयागराज का प्रतिनिधित्व करते हुए देश के सर्वश्रेष्ठ पहलवानों से मुकाबला करेंगे। सत्यम का लक्ष्य अब दिल्ली में भी अपनी जीत का परचम लहराकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश के लिए मेडल लाना है।
स्टेडियम और खेल जगत में बधाई देने वालों का तांता
सत्यम यादव के प्रयागराज लौटने की खबर मिलते ही खेल प्रेमियों और स्टेडियम प्रशासन में भारी उत्साह देखा जा रहा है। सत्यम की इस बड़ी सफलता पर क्रीड़ा अधिकारी शिव कुमार यादव, उप क्रीड़ा अधिकारी जयवीर सिंह और उनके मुख्य प्रशिक्षक अंकित तिवारी सहित मदन मोहन मालवीय स्टेडियम के सभी कोच व वरिष्ठ खिलाड़ियों ने उन्हें मिठाई खिलाकर बधाई दी और उनके उज्जवल भविष्य की कामना की।
क्षेत्र के स्थानीय जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने भी सत्यम के घर पहुंचकर परिवार को बधाई दी। लोगों का कहना है कि सत्यम ने यह साबित कर दिया है कि अगर इरादे मजबूत हों, तो मिट्टी के अखाड़े से निकलकर भी राष्ट्रीय मंचों पर सोना जीता जा सकता है। पूरा प्रयागराज आज अपने इस युवा पहलवान की सफलता पर गर्व महसूस कर रहा है।

